इस रविवार एक गिलहरी से मुलाकात हुई... उसका वीकली ऑफ था... मेरा नहीं।
सुहाना मौसम, मॉनसून... सुबह से छाए बादल... बूंदाबांदी ...बारिश (चाय-पकौड़े) ... जलभराव... राजनीति की दशा और दिशा ...
हर विषय पर उसकी गजब की पकड़ है। बातचीत की detailing फिर कभी, फिलहाल उसकी तस्वीर... कभी राह चलते किसी पेड़-टहनी पर मिल जाए तो बेझिझक तस्वीर दिखाकर बात कर लें। याद रहे ये कोई आम गिलहरी नहीं है ...